| Friday, 04 May 2012 11:43 |
उन्होंने डा कर्ण सिंह और डा बीसी मुंगेकर के पूरक प्रश्नों के जवाब में कहा कि सबला योजना के माध्यम से 11 साल से 18 साल की लड़कियों को दहेज जैसी सामाजिक कुरीति के बारे मे जानकारी दी जाती है ताकि इस बुराई को दूर किया जा सके। नजमा हेपतुल्ला के पूरक प्रश्न पर तीरथ ने कहा कि कुछ राज्यों में गरीब अभिभावकों की पुत्रियों के विवाह में मदद के लिए योजनाएं चलाई जा रही हैं। लेकिन केंद्र ऐसी कोई योजना नहीं चला रहा है। भाजपा की ही स्मृति ईरानी ने जानना चाहा कि क्या घरेलू हिंसा अधिनियम 2005 के लिए कोई बजट तय किया गया है क्योंकि दहेज घरेलू हिंसा का एक प्रमुख कारण है। इस पर तीरथ ने कहा कि राष्ट्रीय महिला आयोग की सिफारिशों को लागू करते समय इस पर भी विचार किया जाएगा। |
BAMCEF UNIFICATION CONFERENCE 7
Published on 10 Mar 2013
ALL INDIA BAMCEF UNIFICATION CONFERENCE HELD AT Dr.B. R. AMBEDKAR BHAVAN,DADAR,MUMBAI ON 2ND AND 3RD MARCH 2013. Mr.PALASH BISWAS (JOURNALIST -KOLKATA) DELIVERING HER SPEECH.
http://www.youtube.com/watch?v=oLL-n6MrcoM
http://youtu.be/oLL-n6MrcoM
Friday, May 4, 2012
महिलाओं के खिलाफ अपराध के छह लाख से अधिक मामले
महिलाओं के खिलाफ अपराध के छह लाख से अधिक मामले
Subscribe to:
Post Comments (Atom)
नई दिल्ली, 4 मई (एजेंसी)। सरकार ने गुरुवार को कहा कि 2008 से 2010 तक देश में महिलाओं के खिलाफ अपराध के छह लाख से अधिक मामले दर्ज किए गए हैं।लोकसभा में राजेंद्र अग्रवाल के सवाल के लिखित जवाब में कानून मंत्री सलमान खुर्शीद ने कहा कि राष्ट्रीय अपराध अभिलेख ब्यूरो के आंकड़ों के मुताबिक, 2008 और उसके बाद के दो साल में महिलाओं के खिलाफ अपराध के छह लाख 13,245 मामले दर्ज किए गए हैं।
No comments:
Post a Comment